JANJGIR-CHAMPA: तीन मंदिरों में चोरी का खुलासा, दो सगे भाइयों समेत चार आरोपी गिरफ्तार, 16.60 लाख के जेवर व दानपेटी की रकम बरामद

 

जांजगीर- चांपा 06 अगस्त 2026 (नवचेतना न्यूज़ छत्तीसगढ़)। जिले के नवागढ़ और बम्हनीडीह क्षेत्र के तीन प्रमुख मंदिरों में हुई सनसनीखेज चोरी की गुत्थी को पुलिस ने महज 48 घंटे के भीतर सुलझाते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें दो सगे भाई, एक अन्य युवक और एक नाबालिग शामिल हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 16.60 लाख रुपये मूल्य के चोरी गए सोने-चांदी के आभूषण, चांदी के छत्र, मुकुट, चक्र, दानपेटी की नकदी समेत चोरी का शत-प्रतिशत सामान बरामद कर लिया है। वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक और इलेक्ट्रॉनिक कटर भी जब्त किए गए हैं।

पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय ने बताया कि एक और दो अगस्त की दरम्यानी रात बम्हनीडीह के रामजानकी मंदिर, नवागढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम महत स्थित चंडी दाई मंदिर तथा ग्राम जगमहंत के बद्री विशाल मंदिर को निशाना बनाकर चोरी की गई थी। चोर मंदिरों से देवी-देवताओं के सोने-चांदी के आभूषण, चांदी के छत्र, मुकुट और दानपेटी लेकर फरार हो गए थे। तीनों मामलों में अलग-अलग अपराध दर्ज कर विशेष जांच शुरू की गई।

मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी स्वयं घटनास्थलों का निरीक्षण करने पहुंचे और साइबर टीम सहित संबंधित थाना प्रभारियों को आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के निर्देश दिए। जांच टीम ने 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसमें एक संदिग्ध बाइक पर सवार चार युवक दिखाई दिए। साइबर तकनीक और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंची और उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ की।

पुछताछ में आरोपियों ने बताया कि वारदात की योजना एक दिन पहले बनाई गई थी। दूसरे दिन मंदिरों की रेकी करने के बाद रात में चोरी को अंजाम दिया गया। मुख्य आरोपी प्रशांत पटेल ने स्वीकार किया कि ट्रैक्टर की किस्तों सहित करीब 20 लाख रुपये के कर्ज के दबाव में उसने अपने छोटे भाई और दो साथियों के साथ मिलकर चोरी की साजिश रची थी। उसकी निशानदेही पर घर के पीछे गड्ढे में छिपाकर रखा गया चोरी का पूरा सामान बरामद कर लिया गया।

गिरफ्तार आरोपियों में प्रशांत पटेल (23), प्रभात पटेल (18), परमानंद पटेल (25) निवासी ग्राम घुटिया, थाना पामगढ़ तथा एक नाबालिग शामिल है।

जांच के दौरान मंदिर प्रबंधन की लापरवाही भी सामने आई। एसपी ने बताया कि चंडी दाई मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरे पिछले छह माह से बंद पड़े थे। वहीं, मंदिर में कई पुजारी होने के बावजूद रात के समय सुरक्षा के लिए कोई चौकीदार तैनात नहीं था, जिससे चोरी की घटना को अंजाम देना आरोपियों के लिए आसान हो गया।

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