गरियाबंद 12 जनवरी 2026 (नवचेतना न्यूज छत्तीसगढ़)। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में आयोजित ऑर्केस्ट्रा कार्यक्रम ने मर्यादा की सारी सीमाएं तोड़ दीं। मंच पर डांसर्स ने खुलेआम अश्लील नृत्य किया, अर्धनग्न होकर दर्शकों के सामने आपत्तिजनक हरकतें करती रहीं। हैरानी की बात यह रही कि कार्यक्रम में मौजूद SDM तुलसी दास मरकाम और कुछ पुलिसकर्मी न केवल तमाशबीन बने रहे, बल्कि मंच पर पैसे लुटाते और वीडियो बनाते भी नजर आए।
SDM की मौजूदगी में हुए इस अश्लील प्रदर्शन के वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गए। मामला सामने आते ही गरियाबंद कलेक्टर भगवान सिंह उइके ने त्वरित कार्रवाई करते हुए SDM तुलसी दास मरकाम को उनके पद से हटा दिया। पूरे प्रकरण की जांच के लिए एक कमेटी गठित की गई है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद आगे की कार्रवाई के लिए फाइल कमिश्नर को भेजी जाएगी।
इधर, पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर्य ने भी सख्त रुख अपनाते हुए कार्यक्रम में अनुचित आचरण करने वाले पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की है। देवभोग थाने में पदस्थ प्रधान आरक्षक डिलोचन रावटे, आरक्षक शुभम चौहान और आरक्षक जय कंसारी को निलंबित कर दिया गया है। वहीं, बाल संरक्षण आयोग ने निर्देश दिए हैं कि कार्यक्रम में किसी नाबालिग या बच्चे की मौजूदगी की जांच की जाए और 24 घंटे के भीतर रिपोर्ट पेश की जाए।
दरअसल, गरियाबंद के उरमाल गांव में युवा समिति द्वारा छह दिवसीय ओपेरा (ऑर्केस्ट्रा) का आयोजन किया गया था। मनोरंजन का हवाला देकर समिति ने 29 दिसंबर 2025 को मैनपुर SDM से इसकी अनुमति ली थी। कार्यक्रम में ओडिशा के कटक स्थित ‘जय दुर्गा ओपेरा’ की डांसर्स को बुलाया गया था।
आयोजन के तहत 8, 9 और 10 जनवरी को डांस कार्यक्रम तय था, जिसका शहरभर में व्यापक प्रचार किया गया था। लेकिन मंच पर जो हुआ, उसने न केवल आयोजकों की मंशा पर सवाल खड़े किए, बल्कि प्रशासनिक जिम्मेदारी और कानून व्यवस्था की साख को भी कटघरे में खड़ा कर दिया।
