सक्ती 17 मार्च 2026 (नवचेतना न्यूज़ छत्तीसगढ़)। जिले के ग्राम चिह्दा में संचालित कियोस्क बैंक में बड़ा घोटाला सामने आया है। ग्रामीण उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया है कि कियोस्क बैंक के संचालक श्याम लाल केवट ने करीब 80 लाख रुपये की राशि का गबन कर लिया है। इस मामले में कार्रवाई नहीं होने से परेशान उपभोक्ताओं ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर न्याय की मांग की है।
जानकारी के अनुसार ग्राम चिह्दा में कियोस्क बैंक के माध्यम से कई ग्रामीण अपने खातों में राशि जमा करते थे। उपभोक्ताओं का आरोप है कि जब वे अपने खाते की जानकारी या राशि चेक कराने बैंक पहुंचते थे, तब संचालक श्याम लाल केवट उनके फिंगरप्रिंट लेकर खाते से पैसे निकाल लेते थे।
बताया जा रहा है कि इस मामले की शिकायत करीब 3–4 महीने पहले थाना हसौद में दर्ज कराई गई थी, लेकिन अब तक आरोपी के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। इससे नाराज होकर लगभग 51 उपभोक्ताओं ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा और कड़ी कार्रवाई की मांग की।
पीड़ित कचरा बाई महंत ने बताया कि उनके खाते में 1 लाख 3 हजार रुपये जमा थे। उनका आरोप है कि श्याम लाल केवट ने फिंगरप्रिंट लगवाकर खाते से पूरी राशि निकाल ली और फरार हो गया। कचरा बाई का कहना है कि आरोपी ने खुद भी इस बात को स्वीकार किया है।
वहीं रामकुमार ने बताया कि वे जैजैपुर नहीं जा सकते थे, इसलिए उन्होंने 60 हजार रुपये श्याम लाल केवट को खाते में जमा करने के लिए दिए थे। आरोप है कि आरोपी ने उन्हें नकली रसीद दे दी। इसके अलावा खाते में पहले से मौजूद 44 हजार रुपये भी निकाल लिए गए। रामकुमार का कहना है कि उन्होंने थाना, एसपी कार्यालय और कलेक्टर कार्यालय में भी शिकायत दर्ज कराई, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
इसी तरह सनी राम यादव ने बताया कि श्याम लाल केवट ने पैसा चेक करने के नाम पर फिंगरप्रिंट लगवाकर उनके खाते से हर महीने की वेतन राशि मिलाकर करीब 1 लाख 70 हजार रुपये निकाल लिए। उनका आरोप है कि आसपास के कई गांवों के लोगों के साथ भी इसी तरह की धोखाधड़ी की गई है।
ग्रामीणों का कहना है कि श्याम लाल केवट ने करीब 80 लाख रुपये तक की धोखाधड़ी की है और अब फरार है। पीड़ित उपभोक्ताओं ने जिला प्रशासन से मामले में संज्ञान लेकर आरोपी के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने और उनकी जमा राशि वापस दिलाने की मांग की है।

