कोरबा 23 अक्टूबर 2026 (नवचेतना न्यूज़ छत्तीसगढ़)। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के रजगामार क्षेत्र में सात वर्षीय मासूम बच्ची भव्या जोशी की हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी अजय उर्फ अमित चौहान (42 वर्ष), पिता बाबूलाल, को गिरफ्तार कर लिया है। बच्ची 19 अक्टूबर को लापता हुई थी। लगातार तलाश के बाद 22 अक्टूबर को उसका शव रजगामार पुरानी बस्ती के पीछे पुराने ईंट-भट्ठे के समीप जंगल में बरामद किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच तेज की और सीसीटीवी फुटेज, लास्ट सीन थ्योरी तथा तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
पैसे गिरने का झांसा देकर बच्ची को ले गया आरोपी
पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में मामले का खुलासा करते हुए बताया कि आरोपी का रजगामार क्षेत्र में आना-जाना था। पुलिस के अनुसार, घटना के दिन बच्ची किराना दुकान की ओर जा रही थी। इसी दौरान आरोपी ने रास्ते में बच्ची का पैसा गिर जाने की बात कहकर उसे पैसा दिलाने का झांसा दिया और अपने साथ ले गया। इसके बाद बच्ची के साथ गंभीर वारदात को अंजाम दिया गया।
पुलिस ने आरोपी को बागो थाना क्षेत्र के दूरस्थ जंगल से गिरफ्तार किया। मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1), 66 तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 4 और 6 जोड़ी गई हैं। बच्ची की हत्या की पुष्टि की जानकारी पुलिस ने दी है, जबकि यौन अपराध से संबंधित निष्कर्षों के लिए चिकित्सकीय रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
न्यायालय परिसर में आरोपी के साथ मारपीट
आरोपी को वैधानिक प्रक्रिया के तहत विशेष न्यायाधीश के समक्ष पेश किया गया। न्यायालय से बाहर लाए जाने के दौरान परिसर में मौजूद कुछ अधिवक्ताओं ने आक्रोश जताते हुए आरोपी के साथ मारपीट कर दी। अचानक हुए घटनाक्रम से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। पुलिसकर्मियों ने बीच-बचाव कर आरोपी को भीड़ से बाहर निकाला और सुरक्षा के बीच पुलिस वाहन से जिला जेल पहुंचाया।
घटना के बाद न्यायालय परिसर में काफी गहमागहमी रही। अधिवक्ताओं ने आरोपी का पक्ष नहीं लेने की अपील की। जिला अधिवक्ता संघ के सचिव नूतन सिंह ठाकुर ने भी कहा कि संघ स्तर पर आरोपी का केस कोई अधिवक्ता न लड़े, इस संबंध में निर्णय की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने पीड़ित परिवार को न्यायिक सहायता उपलब्ध कराने के लिए पैरवी करने की बात भी कही।
पुलिस जांच जारी, रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, मामले में तकनीकी साक्ष्य, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और चिकित्सकीय परीक्षण के निष्कर्षों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। मासूम बच्ची की मौत से क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल है। अब सभी की निगाहें जांच की अगली कार्रवाई और न्यायिक प्रक्रिया पर टिकी हैं।

